पत्रकारिता और जनसंचार के क्षेत्र में रोजगार की अपार संभावनाएं
पत्रकारिता और जनसंचार के क्षेत्र में रोजगार की वृहद संभावनाएं है। इन पाठ्यक्रमों में प्रवेश लेकर विद्यार्थी पत्रकारिता, जनसंचार, इलेक्ट्रॉनिक मीडिया, ग्राफिक्स, एनिमेशन एवं मल्टीमीडिया के क्षेत्र में रोजगार प्राप्त कर सकते है। मध्य प्रदेश के मालवा क्षेत्र के प्रतिष्ठित मंदसौर विश्वविद्यालय द्वारा पत्रकारिता में रोजगारोन्मुखी पाठ्यक्रमों का संचालन किया जा रहा है। पत्रकारिता और जनसंचार विषय में ग्रेजुएट और पोस्ट ग्रेजुएट किसी भी विषय के विद्यार्थी कर सकते हैं।
भारत एवं वैश्विक स्तर पर पत्रकारिता एवं जनसंचार के क्षेत्र में तेजी से बदलाव देखने को मिल रहा है। आज के सूचना युग में जनमाध्यमों की नई सैद्धांतिकी भी विकसित हो रही है। इसीलिए इसे वर्तमान परिप्रेक्ष्य के अनुरूप समझने की आवश्यकता है। वर्तमान समय में रोजगार मूलक शिक्षा के क्षेत्र में पत्रकारिता एवं जनसंचार का भी काफी महत्वपूर्ण स्थान है।
मंदसौर विश्वविद्यालय में उपलब्ध है जनसंचार एवं पत्रकारिता के विभिन्न पाठ्यक्रम
मंदसौर विश्वविद्यालय द्वारा जनसंचार के क्षेत्र में कुशल संचारक के निर्माण तथा जनसंचार एवं पत्रकारिता के क्षेत्र में उच्च शिक्षण के लिए पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग की स्थापना की गयी है।
विभाग के पाठ्यक्रमों को सैद्धांतिक व रोजगारपरक दृष्टि से संतुलित बनाया गया है। इस संकाय के अंतर्गत समाचार सम्पादन, संकलन, प्रसारण तकनीकी और निष्पादन कला के साथ-साथ फिल्म निर्माण, डाक्यूमेंट्री निर्माण हेतु कथा, पटकथा लेखन, सिनेमा समीक्षा आदि पाठ्यक्रमों का संचालन भी किया जा रहा है। इस विभाग के अंतर्गत, डिप्लोमा इन प्रिंट मीडिया, डिप्लोमा इन इलेक्ट्रॉनिक मीडिया, बी.ए. (जर्नलिज्म), एम.ए. (जर्नलिज्म) और पी-एच.डी के पाठ्क्रम संचालित किये जा रहे हैं।
पत्रकारिता और जनसंचार पाठ्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थी नामांकन लेकर प्रिट मीडिया, इलेक्ट्रोनिक मीडिया, डिजिटल मीडिया, इंटरनेट मीडिया, एनिमेटेड फिल्म, विज्ञापन, जनसंपर्क, सिनेमेटोग्राफी, डाक्यूमेंट्री आदि विभिन्न प्रकार की मीडिया के क्षेत्र में अपना करियर बना सकते हैं। साथ में रिपोर्टर, एडिटर, स्क्रिप्ट राइटर, फिल्म निर्देशक व निर्माता, कार्टून फिल्म मेकिग, न्यूज़ एंकरिग, फोटोग्राफी, वीडियोग्राफी आदि सीख सकते हैं।
पत्रकारिता करियर के साथ-साथ अभिव्यक्ति का बेहतर माध्यम
पत्रकारिता एक ऐसा क्षेत्र हैं जिसमें युवाओं के लिए रोजगार की कमी नहीं हैं। इसलिए युवाओं का सामान्य कोर्स की बजाए पत्रकारिता जैसे प्रोफेशनल कोर्स की ओर ज्यादा रूझान हो गया है। यह करियर के साथ-साथ अभिव्यक्ति का बेहतर माध्यम भी है। वर्तमान में समाचार-पत्रों व न्यूज चैनलों की बढ़ती संख्या से युवाओं के लिए रोजगार की संभावनाएं बहुत ज्यादा हो गई हैं।
मंदसौर विश्वविद्यालय में नए सत्र-2024-25 के लिए ऑनलाइन/ऑफलाइन दाखिले की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। कॉलेज में बीए और एमए प्रोफेशनल कोर्स हैं लेकिन यहां पर विद्यार्थियों से बहुत कम फीस ली जा रही है। पत्रकारिता का कोर्स कर हमारे कई विद्यार्थी विभिन्न समाचार पत्रों, न्यूज चैनलों में कार्य कर रहे हैं। बीए (पत्रकारिता) में दाखिले के लिए बारहवीं पास और एमए (पत्रकारिता) में दाखिला लेने के लिए किसी भी विषय में स्नातक की डिग्री होना जरूरी है।
मीडिया हर व्यक्ति से जुड़ा सशक्त माध्यम है। वर्तमान में मीडिया के सभी माध्यमों की संख्या बढ़ती जा रही है। इसलिए इसमें योग्य कर्मियों की आवश्यकता भी काफी बढ़ गई है।
रोजगारोन्मुखी कोर्स के तहत विश्वविद्यालय में बीए (पत्रकारिता एवं जनसंचार) और एमए (पत्रकारिता एवं जनसंचार) प्रोफेशनल कोर्स चलाए जा रहे हैं। कॉलेज में प्रशिक्षण के लिए मीडिया लैब स्थापित की गई है जिसमें टीवी, डिजिटल कैमरा, एचडी वीडियो कैमरा, ऑडियो वीडियो एडिटिंग लैब आदि की व्यवस्था की गई है। वहीं विद्यार्थियों द्वारा विश्वविद्यालय का समाचार पत्र भी प्रकाशित किया जाता है। राष्ट्रीय समाचार पत्रों व न्यूज चैनलों में विद्यार्थियों को प्रशिक्षण के लिए भेजा जाता है।
इन कोर्सो में विद्यार्थियों को समाचार लेखन, समाचार वाचन, समाचार पत्रों व पत्रिकाओं से संबंधित और इलेक्ट्रानिक मीडिया की संपूर्ण जानकारी देने के साथ प्रैक्टिकल भी करवाए जाते हैं। ये दोनों कोर्स ¨हिन्दी व अंग्रेजी दोनों माध्यमों में हैं। इस कोर्स को करने के बाद युवाओं को समाचार पत्रों, पत्रिकाओं, न्यूज चैनल्स आदि में रोजगार के अनेक अवसर मिलते हैं। फील्ड में रिपोर्टर, प्रेस फोटोग्राफर, संपादकीय विभाग में उपसंपादक, कॉपी राइटर, उद्घोषक के रूप में कार्य कर सकते हैं।
जनसंपर्क के क्षेत्र में भी रोजगार की असीम संभावनाएं

वहीं, जनसंपर्क के क्षेत्र में भी रोजगार की संभावनाएं हैं। सरकारी विभागों, निगमों, विश्वविद्यालयों एवं प्राइवेट संस्थानों में जनसंपर्क अधिकारी, सहायक सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी के तौर पर नियुक्ति पा सकते हैं।
इलेक्ट्रॉनिक मीडिया और प्रिंट मीडिया में कैरियर बनाने के इच्छुक युवा मंदसौर विश्वविद्यालय के पत्रकारिता और जनसंचार विभाग द्वारा संचालित विभिन्न प्रोफेशनल कोर्स में प्रवेश ले सकते हैं। यह पाठ्यक्रम प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक, डिजिटल एवं एंटरटेनमेंट मीडिया में पेशेवरों की बढ़ती मांग को पूरा करने में सक्षम हैं। टेलीविजन एवं एंटरटेनमेंट सेक्टर में कैरियर की संभावनाएं बेहतर और आशाजनक हैं। इन क्षेत्रों में कुशल प्रोफेशनल्स की मांग भी तेजी से बढ़ रही है।
पत्रकारिता और जनसंचार विभाग विगत 5 वर्षों से प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया प्रोडक्शन में कौशल एवं विशेषज्ञता हासिल करने वाले पाठ्यक्रम संचालित कर रहा है। इन पाठ्यक्रमों से निकले बहुत से विद्यार्थी समाचार पत्र/पत्रिका, टेलीविजन, रेडियो, डिजिटल मीडिया एवं फिल्म प्रोडक्शन के प्रोफेशनल बन चुके हैं। विगत कुछ वर्षों में विभाग से निकले मीडिया प्रोफेशनल्स देश के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में उच्च स्तरीय पदों पर प्रभावी रूप से विविध भूमिकाएं निभा रहे हैं।
विभाग में संचालित पाठ्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थियों में सैद्धातिंक एवं प्रायोगिक कार्यों में गुणवत्ता बढ़ाने के साथ मीडिया क्षेत्र के विशेषज्ञों एवं प्रोफेशनल्स के विशेष व्याख्यान, संगोष्ठी एवं कार्यशालाओं का आयोजन किया जाता है। विद्यार्थियों में प्रायोगिक ज्ञान एवं कौशल बढ़ाने के लिए विभाग में कंप्यूटर लैब, न्यूजरूम एवं स्टूडियो की व्यवस्था है। यहां विद्यार्थी प्री एवं पोस्ट प्रोडक्शन जैसे शूटिंग, एडिटिंग, साउंड रिकॉर्डिंग, वीडियो रिकॉर्डिंग, कैमरा संचालन, स्क्रिप्टिंग, रिपोर्टिंग एवं एंकरिंग का व्यवहारिक ज्ञान प्राप्त करते हैं। विभाग ने न्यूज एवं ऑनलाइन मीडिया के लिए मोजो (मोबाइल जर्नलिज्म) की नई और भविष्य की विधा को भी अपनाया है।
हम सभी विभिन्न संचार चैनलों के नेटवर्क के माध्यम से एक दूसरे से जुड़े हुए हैं। हम नवीनतम समाचारों के बारे में इन संचार चैनलों के माध्यम से सीखते हैं, चाहे वह नवीनतम अंतर्राष्ट्रीय समाचार हो या क्रिकेट स्कोर की जानकारी हो। इसके लिए पूरी तरह से टेक्नोलॉजी और मीडिया जिम्मेदार है। सूचना को बड़ी आबादी, जैसे कि पूरे राष्ट्र तक फैलाना ही जनसंचार है।
पत्रकारिता और जनसंचार में बीए और एमए के बाद विद्यार्थी पत्रकारिता, रेडियो जॉकी (आरजे), सामग्री निर्माता (कंटेंट क्रिएटर), जनसंपर्क अधिकारी (पब्लिक रिलेशन ऑफिसर), प्रचार/विज्ञापन उद्योग, प्रसारण और उत्पादन, डिजिटल मार्केटिंग, इवेंट मैनेजर, मीडिया प्लानर जैसे क्षेत्रों में अपना भविष्य बना सकते हैं।
जनसंचार और पत्रकारिता के गतिशील और विविध क्षेत्रों में रोजगार की कई आकर्षक संभावनाएं हैं।
मंदसौर विश्वविद्यालय, मंदसौर मालवा क्षेत्र का एक प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय
मंदसौर विश्वविद्यालय, मंदसौर मालवा क्षेत्र के एक प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय है , जो मीडिया अध्ययन में व्यापक शिक्षा प्रदान करने के लिए और देश में मीडिया से संबंधित विभिन्न क्षेत्रों में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने में अग्रसर है। शैक्षणिक ज्ञान और व्यावहारिक कौशल के संयोजन से, मंदसौर विश्वविद्यालय छात्रों को जन संचार और पत्रकारिता के अत्यधिक प्रतिस्पर्धी क्षेत्रों में सफल होने के लिए तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता हैं।
मंदसौर विश्वविद्यालय (एमयू) की स्थापना मध्य प्रदेश निजी विश्वविद्यालय संशोधन अधिनियम, 2015 के अधिनियम संख्या 17, 2015 के तहत की गयी है। हालांकि एमयू इस क्षेत्र का सबसे युवा विश्वविद्यालय है, लेकिन इसके पास 900,000 वर्ग फुट के हरे-भरे क्षेत्र में फैले अपने 12 संस्थानों के माध्यम से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने का दो दशकों से अधिक का विशिष्ट अनुभव है। एमयू के पास पत्रकारिता एवं जनसंचार के साथ-साथ इंजीनियरिंग, फार्मेसी, प्रबंधन, वाणिज्य, कंप्यूटर अनुप्रयोग, कृषि, जीवन विज्ञान, शिक्षा, फैशन डिजाइन, पर्यटन और आतिथ्य, शारीरिक शिक्षा सहित विभिन्न विषयों में युवाओं को प्रशिक्षित करने के लिए उद्योग और अकादमिक अनुभव वाले योग्य संकाय सदस्य हैं। विश्वविद्यालय में विभिन्न विषयों में अध्ययन और अनुसंधान के लिए आधुनिक उपकरणों से पूरी तरह सुसज्जित अत्याधुनिक प्रयोगशालाएँ हैं।
इन पाठ्यक्रमों की विस्तृत जानकारी एवं ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया के लिए विश्वविद्यालय की वेबसाइड www.meu.edu.in अथवा https://www.meu.edu.in/ पर विजिट किया जा सकता है। आवेदन करने की अंतिम तिथि 30 जुलाई है।
लेखक
डॉ. राम सुन्दर कुमार
विभागाध्यक्ष व सहायक प्रोफेसर,
पत्रकारिता और जनसंचार विभाग,
मंदसौर विश्वविद्यालय, मंदसौर
Mob: 8308286052
