भीलवाड़ा/राहुल गर्ग
भीलवाड़ा स्थित संगम विश्वविद्यालय ने सत्र 2024-25 में शैक्षणिक, शोध, नवाचार, खेलकूद और प्लेसमेंट के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। विश्वविद्यालय को आईआईटी बॉम्बे और शिक्षा मंत्रालय द्वारा आयोजित राष्ट्रीय भू-स्थानिक पुरस्कार 2025 में ‘उभरते विश्वविद्यालय पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया है। इस प्रतिष्ठित सम्मान की दौड़ में देश की कई यूनिवर्सिटियां शामिल थीं, लेकिन राजस्थान से केवल संगम विश्वविद्यालय को यह पुरस्कार प्राप्त हुआ।
IIRF की 2024 की रैंकिंग में संगम विश्वविद्यालय को राष्ट्रीय स्तर पर 37वां तथा राजस्थान में तीसरा स्थान प्राप्त हुआ है। विश्वविद्यालय द्वारा गत वर्ष ब्रिटेन, वियतनाम, मलेशिया, दुबई, बांग्लादेश की यूनिवर्सिटियों सहित इसरो, एनआईएसएम, गिरनार सॉफ्ट, ग्लोबल आईटी प्रोवाइडर जैसी संस्थाओं से एमओयू किए गए। AIMA द्वारा आयोजित राष्ट्रीय बिजनेस सिमुलेशन प्रतियोगिता में संगम के विद्यार्थियों ने चैंपियन और उपविजेता टीमों में स्थान बनाया।
भारत सरकार के डीएसटी विभाग द्वारा विश्वविद्यालय की संगम आईटीबीआई शाखा को ₹4.33 करोड़ के प्रोजेक्ट की स्वीकृति मिली है। छात्रों ने GATE, NET, मूट कोर्ट, वाइल्ड लाइफ कंजर्वेशन, टेक्नोवेशन जैसी प्रतियोगिताओं में सफलता हासिल की। खेलकूद में कराटे, क्रिकेट, वॉलीबॉल, बैडमिंटन, एथलेटिक्स में विद्यार्थियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। एनसीसी और एनएसएस में भी छात्रों की भागीदारी उल्लेखनीय रही।
प्लेसमेंट के क्षेत्र में टीसीएस, रिलायंस, टाटा, इंफोसिस, टेक महिंद्रा, आईसीआईसीआई सहित 100 से अधिक कंपनियों में छात्रों का चयन हुआ। विश्वविद्यालय ने भारतीय ज्ञान प्रणाली, नैतिक शिक्षा, खगोल विज्ञान जैसे पाठ्यक्रमों को भी समाहित किया है। शोध के क्षेत्र में 120 से अधिक पेटेंट और 750 से अधिक शोध पत्र प्रकाशित हो चुके हैं।
